पटना: बिहार में कोरोना संकट के कारण बिहार सरकार ने 15 मई तक लॉकडाउन लगाया है। लॉकडाउन का सख्ती से पालन कराना प्रशासन और पुलिस का काम है। इस कारण पुलिस मुख्यालय ने एक आदेश जारी कर तत्काल प्रभाव से पुलिसकर्मियों के सभी प्रकार की छुट्टियों को रद्द कर दिया है। यह आदेश बिहार पुलिस के सभी अधिकारियों, पदाधिकारियों और जवानों पर लागू होगा। मुख्यालय के अगले आदेश तक सभी अधिकारियों, पदाधिकारियों और जवानों की छुट्टियां रद्द रहेंगी। एडीजी मुख्यालय जितेन्द्र कुमार के हस्ताक्षर से जारी बुधवार को जारी आदेश में कहा गया है कि लॉकडाउन को सफलतापूर्वक लागू करने में पुलिस की महत्वपूर्ण भूमिका है। इसे देखते हुए अधिकारियों व कर्मियों के अवकाश अगले आदेश तक रद्द किए जाते हैं। सिर्फ विशेष परिस्थिति में केस-टू-केस के आधार पर अवकाश स्वीकृत होगा।

आदेश की प्रति सभी रेंज आईजी-डीआईजी और सभी जिलों के एसएसपी और एसपी को भेज दी गई है। बता दें कि बीते साल कोरोना संकट के कारण जब राष्ट्रव्यापी लॉकडाउन किया गया था तो उस वक्त भी बिहार पुलिस मुख्यालय ने अपने सभी विभागें में सभी कर्मियों की छुट्टी को रद्द कर दिया था।
लॉकडाउन की गाइडलाइन में संशोधन
बिहार में लॉकडाउन 15 मई तक प्रभावी रहेगा। मंगलवार को जारी की गई गाइडलाइन में बुधवार को थोड़ा संशोधन किया गया है। गृह विभाग की विशेष शाखा ने लॉकडाउन में कुछ और सेवाओं को विशेष छूट देने का आदेश जारी किया है। इस बाबत मुख्य सचिव के आदेश से नया आदेश जारी कर दिया गया है। इसमें गैर बैंकिंग वित्तीय कंपनियों के कार्यालय व गतिविधियों और होटल व्यवसाय को भी शामिल किया गया है। होटल संचालकों को रूम के अंदर खाना परोसने की शर्त पर अतिथियों को रखने की अनुमति दी गई है। इसके अलावा खाद्यान्न की अधिप्राप्ति से जुड़े कार्यालय, पर्यावरण, वन एवं जलवायु विभाग की आवश्यक गतिविधियों से संबंधित कार्यालय, वन प्रबंधन में संलग्न वाहनों को भी अपवाद के रूप में छूट दी गई है।