देहरादून: कोरोनाकाल में राज्य के लोगों की मदद के लिए धार्मिक और सामाजिक संगठन आगे आए हैं। संत निरंकारी मंडल, हेमकुंट फाउंडेशन और हंस फाउंडेशन ने उदारता दिखाते हुए रविवार को बीजापुर हाउस में कोरोना की लड़ाई में मददगार जीवनरक्षक सामग्री मुख्यमंत्री को उपलब्ध कराई। मुख्यमंत्री तीरथ सिंह रावत ने सभी का आभार जताया है। उन्होंने कहा कि वैसे तो प्रदेश में सभी अस्पतालों में पर्याप्त ऑक्सीजन व अन्य संसाधन उपलब्ध हैं। पिछले कुछ दिन में शहरी क्षेत्रों में कोरोना संक्रमण की गति कुछ धीमी हुई है। पर्वतीय जिलों में कोरोना की रफ्तार को रोकने के लिए इंतजाम किए जा रहे हैं। ग्राम समितियां बनाई गई हैं। सरकार का जोर ज्यादा से ज्यादा टेस्टिंग कराने पर है। कोरोना की सम्भावित तीसरी लहर के मद्देनजर भी तैयारियां शुरू कर दी गई हैं। इस मौके पर कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी और कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल भी मौजूद रहे।
हंस फाउंडेशन ने सरकार को 40 ऑक्सीजन कंसेंट्रेटर्स, 60 नेबोलाइजर मशीन, 500 ऑक्सिमीटर, 448 डिजिटल थर्मोमीटर, 587 पीपीई किट, 50 इंफ्रारेड थर्मोमीटर, 300 ऑक्सीजन मास्क, 3250 सर्जिकल मास्क, 170 सेनिटाइजर, 100 स्टीमर, 20 बीपी मशीन व अन्य सामग्री भेंट की। pic.twitter.com/Ko18wK4VzZ
— Tirath Singh Rawat (@TIRATHSRAWAT) May 16, 2021
संत निरंकारी मंडल देहरादून ने 40 ऑक्सीजन कंसेंट्रेटर्स मुख्यमंत्री तीरथ सिंह रावत को सौंपे हैं। इनमें 20 ऑक्सीजन कंसेंट्रेटर्स गढ़ी कैंट बोर्ड के हॉस्पिटल व अन्य पर्वतीय जिलों के अस्पतालों को भेजे जाएंगे। इस मौके पर संत निरंकारी मंडल के मसूरी जोनल इंचार्ज हरभजन सिंह और हेमराज उपस्थित रहे। संत निरंकारी मंडल के जोनल इंचार्ज ने उत्तराखंड में अपने समस्त सत्संग घरों को कोविड सेंटर के रूप में परिवर्तित करने का सहमति पत्र भी मुख्यमंत्री को सौंपा।

हेमकुंट फाउंडेशन ने भी मुख्यमंत्री को 55 ऑक्सीजन कंसेंट्रेटर्स, 54 ऑक्सीजन सिलेंडर, पीपीई किट व अन्य सामग्री भेंट की है। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस सामग्री को पहले चरण में चमोली और उत्तरकाशी भेजा जा रहा है। फाउंडेशन ने इन ऑक्सीजन कंसेंट्रेटर्स और सिलेंडर के लिए टेक्नीशियन भी उपलब्ध कराया है। इस अवसर पर हेमकुंट फाउंडेशन के डायरेक्टर हरतीरथ सिंह और उत्तराखंड समन्वयक संजय कुमार आदि उपस्थित रहे।