देहरादून: तीनों नए कृषि कानूनों को वापस लेने की मांग को लेकर चल रहे किसान आंदोलन के छह महीने पूरा होने के बावजूद मांगें पूरी नहीं होने से नाराज उत्तराखंड के किसानों ने आज बुधवार को काला दिवस मनाकर विराध जताया। राज्य में राजधानी देहरादून, ऊधमसिंह नगर जिले और ऋषिकेश में किसानों ने अपना विरोध दर्ज कराया।
किसानों ने केंद्र सरकार का पुतला फूंक कर काला दिवस मनाया
देहरादून में डीएम कार्यालय के बाहर भारतीय किसान यूनियन टिकैत के पदाधिकारियों ने प्रदर्शन किया। बाजपुर में शहीद भगत सिंह चौक पर किसानों ने केंद्र सरकार का पुतला फूंक कर काला दिवस मनाया।

जब तक तीनों काले कृषि कानून वापस नहीं होंगे, आंदोलन खत्म नहीं होगा
डोईवाला के बुल्ला वाला मारखम ग्रांट में किसानों द्वारा काला दिवस दिवस मनाया गया। इस दौरान प्रधानमंत्री और बीजेपी सरकार का पुतला दहन किया और किसानों ने साफ किया कि जब तक तीनों काले कृषि कानून वापस नहीं होंगे, आंदोलन खत्म नहीं होगा। किसानों ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी की।
दिल्ली के गाजीपुर बॉर्डर पर पिछले छह महीने से किसान आंदोलनरत
नए कृषि कानूनों की वापसी और न्यूनतम समर्थन मूल्य पर अनिवार्य खरीद के लिए कानून बनाने आदि की मांग को लेकर दिल्ली के गाजीपुर बॉर्डर पर पिछले छह महीने से किसान आंदोलनरत हैं।
कई दौर की हुई वार्ता भी बेनतीजा साबित
कृषि कानूनों को लेकर किसान नेताओं और केंद्र सरकार के मंत्रियों के बीच कई दौर की हुई वार्ता भी बेनतीजा साबित हुई। तमाम उतार चढ़ाव के बावजूद किसानों को आंदोलन दिल्ली गेट पर जारी हैं।