देहरादून: आगामी 2022 के विधानसभा चुनावों को देखते हुए कांग्रेस अब भाजपा की केंद्र और राज्य सरकार की विफलताओं को लेकर एक रोडमैप तैयार करके जनता के बीच जाएगी. दिल्ली में कांग्रेस प्रदेश प्रभारी देवेंद्र यादव के साथ उत्तराखंड कांग्रेस के शीर्ष नेताओं की बैठक में शामिल होने के बाद कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष प्रीतम सिंह देहरादून वापस लौट आए हैं. इस दौरान उन्होंने बैठक की जानकारी देते हुए कहा कि कांग्रेस प्रदेश प्रभारी देवेंद्र यादव के बुलावे पर 7 तारीख को यह अहम बैठक हुई थी. बैठक में पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत और नेता प्रतिपक्ष इंदिरा हृदयेश भी शामिल हुईं थी. बैठक में तीनों नेताओं ने प्रदेश में पार्टी की मौजूदा स्थिति और आगामी चुनावी रणनीति को लेकर चर्चा की.

प्रीतम सिंह ने दिल्ली में हुई बैठक का जिक्र करते हुए कहा कि कांग्रेस कोई क्षेत्रीय दल नहीं बल्कि राष्ट्रीय दल है और जब उत्तराखंड कांग्रेस के नेता दिल्ली जाते हैं तो स्वाभाविक है कि वह अपने राष्ट्रीय नेतृत्व से समय समय पर मुलाकात करते रहते हैं. उन्होंने बताया कि प्रदेश प्रभारी देवेंद्र यादव के साथ उत्तराखंड कांग्रेस के शीर्ष नेताओं की हुई बैठक में 2022 की चुनौतियों को देखते हुए एक रोड मैप तैयार करने पर चर्चा हुई. रोड मैप को लेकर दूसरे दौर की वार्ता 12 जून को होने जा रही है. प्रीतम सिंह का कहना है कि कांग्रेस प्रदेश प्रभारी देवेंद्र यादव के साथ दोबारा होने जा रही बैठक में निश्चित रूप से 2022 के चुनावों को लेकर रोडमैप तैयार किया जाएगा. इसके बाद कोरोना संक्रमण की गति जब कम होगी तो कांग्रेस के तमाम साथी उस रोड मैप को लेकर जनता के बीच जाएंगे. इसके बाद वे केंद्र और राज्य सरकार की नाकामियों को प्रदेश की जनता के बीच रखेंगे.
आपको बता दें 5 घंटे चली इस बैठक मे 2022 के आगामी चुनाव मे उत्तराखंड की 70 विधानसभा सीटों पर कैंडीडेट की भी चर्चा हुई जिसमे 70 मे से 40 सीटों पर सभी लोग एक मत नज़र आए। इसके अलावा कांग्रेस उत्तराखंड मे चुनाव अभियान समिति की कमान संभालने पर भी चर्चा हुई जिसमे पूर्व सीएम हरीश रावत का नाम सबसे आगे रहा हालांकि अभी इस फैसले पर कोई मुहर नहीं लग पाई है।