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ओमीक्रॉन को लेकर विदेश से आने वालों पर सख्ती, इन राज्यों में 7 दिन का क्वारंटीन अनिवार्य, जानें राज्यों के नए नियम, लग सकता है लॉकडाउन ?

नई दिल्ली : कोरोना वायरस के नए वेरिएंट ‘ओमीक्रोन’ के बढ़ते खतरे को देखते हुए दुनिया भर में यात्रा पाबंदियां और अन्य प्रतिबंध लगने शुरू हो गए है. भारत में अभी तक इस नए वेरिएंट का कोई मामला सामने नहीं आया है. भारत सरकार 15 दिसंबर से अंतरराष्ट्रीय कॉमर्शियल उड़ानों को फिर से शुरू करने के फैसले पर समीक्षा करने वाली है. वहीं कई राज्यों ने एहतियातन एयरपोर्ट पर जांच, निगरानी और कॉन्टैक्ट ट्रेसिंग और अन्य उपाय बढ़ाने शुरू कर दिए हैं.

केंद्र सरकार ने ‘जोखिम’ श्रेणी वाले देशों से आने वाले या उन देशों से होकर भारत पहुंचने वाले यात्रियों के लिए RT-PCR जांच अनिवार्य कर दी है. साथ ही तब तक यात्री को एयरपोर्ट छोड़ने की अनुमति नहीं दी जाएगी, जब तक सैंपल जांच की रिपोर्ट नहीं आ जाती. पॉजिटिव आने पर उन्हें आइसोलेशन सेंटर में भेजा जाएगा. वहीं निगेटिव आने के बावजूद 7 दिन होम क्वारंटीन रहना पड़ेगा और आठवें दिन फिर से जांच करवानी होगी. देश की जनता को डर है कि कहीं भारत में लॉकडाउन ना लग जाए। जानिए देश के अलग-अलग राज्यों द्वारा उठाए गए कदम.

केरल

केरल की स्वास्थ्य मंत्री वीना जॉर्ज ने सोमवार को कहा कि ओमीक्रोन के केस वाले “उच्च जोखिम” वाले देशों के अंतरराष्ट्रीय यात्रियों को राज्य में पहुंचने पर 14 दिनों के आइसोलेशन से गुजरना होगा. जॉर्ज ने कहा कि जो यात्री संक्रमित पाए जाएंगे, उन्हें केंद्र सरकार के निर्देश पर राज्य सरकार द्वारा बनाए गए मेडिकल सेंटर पर ट्रांसफर किया जाएगा. उन्होंने मीडिया से कहा, ‘‘उच्च जोखिम वाले देशों के यात्रियों को सात दिनों के लिए घर पर आइसोलेशन से गुजरना होगा. आठवें दिन उनकी फिर से जांच की जाएगी. यदि वे निगेटिव पाए जाते हैं, तो भी उन्हें सात और दिनों के लिए आइसोलेट रहने की आवश्यकता है.

महाराष्ट्र

महाराष्‍ट्र सरकार जोखिम भरे देशों से आने वाले यात्रियों की 2-3 अलग-अलग तरीकों से जांच कर रही है. यात्रियों के लिए सरकार ने RT-PCR जांच अनिवार्य कर दिया है. इसके अलावा यात्रियों को सात दिन क्‍वारंटीन भी रहना होगा. सात दिन के बाद फिर से आरटी-पीसीआर टेस्‍ट अनिवार्य होगा. मुंबई की मेयर किशोरी पेडनेकर ने बताया कि एयरपोर्ट पर दूसरे देशों से आने वाले सभी यात्रियों की कोरोना जांच की जा रही है.

कर्नाटक

बेंगलुरु एयरपोर्ट पर टेस्टिंग और सैनिटाइजेशन प्रक्रिया बढ़ा दी गई है. इटरनेशनल और घरेलू यात्रियों की जांच के लिए 49 स्वास्थ्य अधिकारी लगातार तीन शिफ्ट में काम कर रहे हैं. अधिकारियों ने दूसरे देशों से आने वाले यात्रियों के लिए RT-PCR और रैपिड एंटीजेन टेस्ट अनिवार्य कर दिया है. इसके अलावा एयरपोर्ट पर थर्मल स्क्रीनिंग भी अनिवार्य है. स्वास्थ्य अधिकारी ने बताया कि एयरपोर्ट पहुंचने पर निगेटिव पाए गए सभी अंतरराष्ट्रीय यात्रियों को 7 दिनों के लिए क्वारंटीन रहना होगा. उन्हें 7 दिनों के बाद दोबारा जांच करवानी होगी. उन्होंने कहा कि ऐसे 598 यात्री फिलहाल निगरानी के तहत हैं.

दिल्ली

दिल्ली में, अधिकारियों ने ‘उच्च जोखिम’ वाले देशों से आने वाले सभी लोगों के लिए आरटी-पीसीआर जांच, पॉजिटिव पाए गए मामलों की जीनोम सीक्वेंसिंग और अनिवार्य आइसोलेशन का आदेश दिया है. वहीं टेस्ट रिपोर्ट नेगिटिव आने पर भी उन्हें सात दिन तक घर पर आइसोलेशन में रहना पड़ेगा. इसके बाद आठवें दिन RT-PCR टेस्ट होगा.

दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने भी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से अंतरराष्ट्रीय उड़ानों पर रोक लगाने की अपील की है. उन्होंने मंगलवार को ट्वीट किया, “कई देशों ने ओमीक्रोन प्रभावित देशों से आने वाली उड़ानें बंद कर दी हैं. हम देरी क्यों कर रहे हैं? पहली वेव में भी हमने विदेशी उड़ानें रोकने में देरी कर दी थी. अधिकतर विदेशी उड़ानें दिल्ली में आती हैं, दिल्ली सबसे ज़्यादा प्रभावित होती है. PM साहिब कृपया उड़ानें तुरंत बंद करें”

उत्तर प्रदेश

मुख्‍यमंत्री योगी आदियत्यनाथ ने अधिकारियों को नए वेरिएंट को लेकर लखनऊ समेत सभी जिलों में विदेश से आने वालों की पड़ताल के निर्देश दिए हैं. अधिकारियों ने कहा कि विदेशों से आने वाले यात्रियों की पहचान और कोविड प्रोटोकॉल का कड़ाई से पालन किया जा रहा है. साथ ही कोरोना की दूसरी लहर में गठित की गई विशेषज्ञों की टीम इस नए वेरिएंट पर अपनी पैनी नजर बनाए हुए है. यह टीम विदेशों में इस नए वैरिएंट के लक्षण, प्रभाव और इसके खतरे का आंकलन करेगी. एक बयान में कहा गया कि राज्य के सभी एयरपोर्ट पर सख्ती बढ़ा दी गई है और वहां सभी यात्रियों की मुफ्त आरटी-पीसीआर जांच भी की जा रही है. विदेश से आने वाले किसी भी यात्री के पॉजिटिव आने पर सैंपल जीनोम सीक्वेंसी के लिए भी भेजा जाएगा.

पंजाब

पंजाब सरकार ने 11 देशों से आने वाले यात्रियों की निगरानी शुरू कर दी है. इन देशों में साउथ अफ्रीका, ब्राजील, बांग्लादेश, बोत्सवाना, चीन, मॉरीशस, न्यूजीलैंड, जिम्बाब्वे, सिंगापुर, हॉन्गकॉन्ग और इजराइल शामिल हैं. सरकार के निर्देशों के मुताबिक, इन देशों से आने वाले यात्रियों को कोविड जांच की निगेटिव रिपोर्ट आने के बावजूद 7 दिन क्वारंटीन रहना होगा. इसके बाद उनका दोबारा टेस्ट होगा और 7 दिन फिर से होम क्वारंटीन रहना होगा. पंजाब के उपमुख्यमंत्री ओपी सैनी ने राज्य के एयरपोर्ट पर आने वाले यात्रियों की सख्त निगरानी करने का आदेश दिया है. उन्होंने कोविड की तीसरी लहर की आशंका के मद्देनजर तैयारियों का जायजा भी लिया. साथ ही अधिकारियों को दवाओं और जरूरी मेडिकल उपकरणों की खरीद का आदेश भी दिया.

छत्तीसगढ़

छत्तीसगढ़ सरकार ने राज्य के तीन एयरपोर्ट (रायपुर, बिलासपुर और जगदलपुर) पर ‘हेल्प डेस्क’ स्थापित करने का आदेश दिया है, ताकि ओमीक्रोन वेरिएंट के खतरे को देखते हुए विदेश से आने वाले यात्रियों की प्रभावी जांच की जा सके. अधिकारियों को निर्देश दिया गया है कि कोविड-19 के नए वेरिएंट से निपटने के लिए अंतरराष्ट्रीय यात्रियों के लिए जारी दिशानिर्देशों का सख्ती से पालन किया जाना चाहिए.

गुजरात

गुजरात सरकार ने केंद्र की जारी निगरानी सूची में शामिल देशों की यात्रा से लौटे पैसेंजर्स की कड़ी निगरानी को कहा है. एयरपोर्ट पर RT-PCR टेस्ट अनिवार्य कर दिया गया है. वहीं दक्षिण अफ्रीका से आने वाले हर पैसेंजर को क्वारंटीन किया जाएगा.

दक्षिण अफ्रीका में ओमीक्रोन वेरिएंट के मिलने के कारण विश्व के कई देश उस पर प्रतिबंध लगा चुके हैं. ऐसे देशों में अमेरिका, इटली, ऑस्ट्रिया, फ्रांस, जापान, यूनाइटेड किंगडम, सिंगापुर, नीदरलैंड, माल्टा, मलेशिया, मोरक्को, फिलीपींस, दुबई, जॉर्डन, अमेरिका, कनाडा और तुर्की शामिल हैं. दक्षिण अफ्रीका में 24 नवंबर को इस नए वैरिएंट के मिलने की खबर विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) को दी गई थी. WHO ने कहा है कि यह ‘‘अभी तक स्पष्ट नहीं है’’ कि क्या नया वेरिएंट अधिक संक्रामक है या अधिक गंभीर बीमारी का कारण बनता है. हालांकि सोमवार को संगठन ने आगाह किया कि प्रारंभिक साक्ष्यों के आधार पर नए वेरिएंट ओमीक्रोन से वैश्विक जोखिम ‘‘बहुत ज्यादा’’ दिख रहा है.

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Author: nirbhiknazar

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