देहरादून: उत्तराखंड विधानसभा चुनाव 2022 में हार के बाद कांग्रेस नेता दीपिका पांडे सिंह ने रविवार को पार्टी के राष्ट्रीय सचिव, सह-प्रभारी के पद से इस्तीफा दे दिया है. दीपिका पांडे झारखंड के महागामा विधानसभा सीट से विधायक हैं. उन्होंने इस्तीफा देने की जानकारी ट्वीट करते हुए कहा कि पार्टी की सेवा करने का अवसर देने के लिए कांग्रेस आलाकमान का आभार. दरअसल देश में हुए पांच राज्यों के विधानसभा चुनावों में कांग्रेस उत्तराखंड में सत्ता वापसी की उम्मीद कर रही थी लेकिन केवल 19 सीटें जीतने में सफल रही. जबकि भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने 47 सीटों के साथ राज्य में लगातार दूसरी बार सरकार का गठन करने जा रही है.

दीपिका पांडे ने ली हार की जिम्मेदारी
उत्तराखंड विधानसभा चुनाव में करारी हार के बाद अब कांग्रेस में इस्तीफे का दौर शुरु हो गया है. इसमें कांग्रेस नेत्री दीपिका पांडे ने हार की जिम्मेदारी लेते हुए अपने पद से त्यागपत्र दे दिया है. दीपिका ने ट्वीट कर बताया कि उन्होंने उत्तराखंड की सह-प्रभारी और राष्ट्रीय सचिव के पद से इस्तीफा दे दिया है. साथ ही उन्होंने आभार जताते हुए लिखा कि राष्ट्रीय स्तर पर पार्टी की सेवा करने का अवसर देने के लिए मैं नेतृत्व को धन्यवाद देती हूं.
Taking responsibility of the defeats in Uttarakhand assembly elections,I have resigned as national secretary,co-incharge of Uttarakhand.I thank leadership for giving me the opportunity to serve the party at national level. @INCIndia @RahulGandhi @kcvenugopalmp @devendrayadvinc
— Dipika Pandey Singh (@DipikaPS) March 13, 2022
उत्तराखंड ने रचा इतिहास
उत्तराखंड में पहली बार यह देखने को मिला कि किसी पार्टी ने लगातार दूसरी बार राज्य में सरकार बनाई है. राज्य के गठन के बाद से ही यहां पर हर पांच साल में सरकार को बदलते हुए देखा गया. ऐसे में भारतीय जनता पार्टी (BJP) अब इतिहास बनाते हुए उत्तराखंड में दूसरी बार सरकार बनाएगी. राज्य में दूसरी बार सरकार बनने से बीजेपी कार्यकर्ताओं का उत्साह बढ़ा हुआ है. उत्तराखंड में बीजेपी का मत प्रतिशत सबसे अधिक रहा. इस चुनाव में उसे 44.33 प्रतिशत वोट हासिल हुए, जबकि कांग्रेस दूसरे नंबर पर रही. कांग्रेस को 37.91 प्रतिशत वोट मिले. अगर सीटों की बात करें, तो उत्तराखंड में विधानसभा की 70 सीटें हैं. इसमें बीजेपी को 47 पर जीत हासिल हुई है, जबकि कांग्रेस को मात्र 19 सीटों पर जीत मिली है. अन्य पार्टियों को भी चार सीटों पर जीत हासिल हुई है.