कुशीनगर: उत्तर प्रदेश के कुशीनगर में 4 बच्चों की मौत हो गई है. एक साथ 4 बच्चों की मौत के बाद हड़कंप मच गया है. मरने वालों में दो बच्चे और दो बच्चियां शामिल हैं. परिजनों का आरोप है कि दरवाजे पर टॉफी फेंका गया था, जिसे बच्चों ने खा लिया और उनकी मौत हो गई. मौके पर पुलिस प्रशासन के अफसर पहुंच गए हैं और जांच जारी है. वारदात कसया थाना क्षेत्र के सिसई के लठऊर टोला में हुई है. पुलिस के मुताबिक, अनुसूचित जनजाति (लठऊर) से ताल्लुक रखने वाले दो परिवार के चार बच्चों की बुधवार सुबह मौत हो गई. परिजनों का कहना है कि चारों बच्चों ने घर के बाहर फेंके गए टॉफी को खाया था. मरने वालों में दो लड़के और दो लड़कियां शामिल है. पूरे गांव में कोहराम मचा हुआ है.
मरने वाले बच्चे के परिजन का कहना है, ‘सुबह करीब 7 बजे घर के दरवाजे पर टॉफी फेंका हुआ था, बच्ची ने टॉफी उठाया और चारों बच्चों ने बांटकर खा लिया, इसके बाद चारों बच्चों की मौत हो गई.’ मृतक बच्ची की मां ने कहा, ‘टॉफी और पैसा हमारे गेट पर फेंका गया था, मेरी बड़ी वाली लड़की ने उठाया और चारों में बांटकर खा लिया, टॉफी खाने के 5 मिनट बाद ही चारों बच्चे तड़पने लगे, सभी को भागकर जिला अस्पताल लाया गया, जहां सभी की मौत हो गई, हम लोगों को मालूम नहीं है कि टॉफी कौन फेंक कर गया था.’

मृतक लड़की की मां ने कहा-
हत्या के शक पर परिजनों ने कहा कि हमें इस बारे में कोई जानकारी नहीं है, गांव में हमारे कोई दुश्मन नहीं हैं, कौन लोग टॉफी फेंक कर गए हैं, इसकी भी जानकारी नहीं है. इस मामले में एसपी कुशीनगर सचिन्द्र पटेल ने बताया कि घर के दरवाजे पर गिरे टॉफी को खाने के बाद 4 बच्चों की मौत हो गई है, पूरे प्रकरण की जांच की जा रही है, टॉफी के साथ पैसा गिरा था. इसके तंत्र मंत्र से जुड़े होने के सवाल पर उन्होंने कहा कि इस पहलू पर भी जांच की जा रही है, दोषी किसी कीमत पर बख्शे नही जाएंगे.
सूंघते-सूंघते आराेपियों के घर पहुंच गया खोजी कुत्ता
उत्तर प्रदेश के कुशीनगर में टॉफी खाने से 4 बच्चों की मौत के मामले में पुलिस ने तीन लोगों को हिरासत में ले लिया है। घटना के बाद मौके पर ले जाए गए खोजी कुत्ते के इन तीनों के घर में घुसने और मारे गए बच्चों के परिवारीजनों के बयान के आधार पर पुलिस ने इन्हें हिरासत में लिया है।
इस घटना के बाद कुशीनगर से लखनऊ तक हड़कंप मच गया था। सीएम योगी आदित्यनाथ ने पीड़ित परिवार की सहायता और मामले की जांच का आदेश दे दिया। घटना की सूचना पर गांव में एडीजी अखिल कुमार, डीएम एस राजलिंगम, एसपी सचिन्द्र पटेल सहित कई अधिकारी पहुंचे। एडीजी अखिल कुमार ने कहा कि ऐसा लग रहा है कि टॉफियां किसी के द्वारा फेंकी गई हैं। उन्होंने कहा कि मामले में एफआईआर दर्ज करके दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
उधर, गांव में फोरेंसिक टीम ने भी सैंपल लिए। घटना में मारे गए तीन बच्चों के पिता ने पुलिस को बताया कि दो साल पहले भी उसके परिवार के सफाये की कोशिश की गई थी। उन्होंने तीन आरोपियों का नाम लेते हुए अपना शक जाहिर किया। बताया कि कुछ दिनों से ये लोग शराब पीकर उनके परिवार को खत्म करने की धमकी देते थे। उन्होंने आरोपियों के परिवार से अपनी पुरानी रंजिश बताई और कहा कि उन्होंने दो साल पहले उस वक्त उनकी गुमटी में आग लगा दी थी जब उसमें पूरा परिवार सो रहा था। इसके बाद पुलिस ने तीनों आरोपियों को हिरासत में ले लिया। पुलिस मामले की जांच-पड़ताल कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि मामले में मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई की जाएगी।