Patna: बिहार में अब कोरोना अन्ट्रोल होता है। कई लोगों को अपना शिकार बनाने लगा है। वही इसका संक्रमण लगातार बढ़ता ही जा रहा है। मरीजो की संख्या भी बढ़ रही है। बिहार कोरोना मरीजों की संख्या 31 हजार से अधिक हो गयी है। ताजा मामले में एक और डॉक्टर की कोरोना से मौत हो गयी है। समस्तीपुर के प्रसिद्ध चिकित्सक व सिविल सर्जन डॉ रति रमण झा कोरोना पॉजिटिव होने के बाद तबियत बिगड़ी तो पटना एम्स भर्ती हुए थे। जहां उनका इलाज के दौरान निधन हो गया। सिविल सर्जन की मौत से समस्तीपुर जिले में हर कोई हैरान है। वे कोरोना से संक्रमित पिछले दिनों से बताए जा रहे थे।
बताया जाता है कि सिविल सर्जन की कोरोना जांच रिपोर्ट 6 दिन बाद आई। जानकारी के अनुसार, सिविल सर्जन का 8 जुलाई को कोरोना जांच के लिए सैंपल लिया गया था। जिसकी 13 जुलाई तक जांच रिपोर्ट नहीं आई। इसके बाद 14 जुलाई को फिर उनका कोरोना सैंपल लिया गया। जिसके बाद उनकी दूसरी रिपोर्ट पॉजिटिव आ गयी। इस दौरान उनका तबियत बिगड़ी तो उन्हें पटना एम्स में इलाज के लिए भर्ती कराया गया। जहां उन्हें सांस लेने में तकलीफ हो रही थी और किडनी भी ठीक तरह से काम नहीं कर रहा था।
बुधवार को पटना एम्स में इलाज के दौरान सिविल सर्जन ने दम तोड़ दिया। सिविल सर्जन समस्तीपुर डॉ आरआर झा के मौत के बाद पूरे समस्तीपुर जिले में मातम का माहौल है। उनकी निधन हर कोई हैरान है। उनकी तबियत बिगड़ने के बाद भी कोरोना जांच रिपोर्ट जो 5 दिनों बाद भी नहीं आयी और दोबारा सैंपल लेने के बाद जांच रिपोर्ट पॉजिटिव आया। इस सिस्टम की लापरवाही से सिविल सर्जन के निधन को जोड़ कर देखा जा रहा है।