ब्यूरो रिपोर्ट
देहारादून: जी हां यह कोई समाचार का स्लग नहीं है यह न्यू दून ब्लॉसम स्कूल का फरमान है। ऐसी ही घटना न्यू दून स्कूल के गेट पर आज अभिभावकों के साथ घटी जब वह अपने बच्चे को लेकर न्यू ब्लॉसम स्कूल के गेट पर पहुँचे। निर्भीक नजर समाचार को अभिभावकों की ओर से मिली शिकायती पत्र में बताया गया कि…..
आज न्यू दून ब्लॉसम स्कूल सहस्त्रधारा रोड देहरादून में बच्चों को स्कूल परीक्षा के लिए बुलाया गया, और सभी बच्चों को स्कूल से बाहर खड़ा करके उन्हें विवश किया गया कि आप अपने अभिभावक से यह स्वीकृति लेकर आएं कि अगर आप स्कूल मे ही कोरोना पॉजिटिव होते हैं तो उसकी जिम्मेदारी विद्यालय की नहीं होगी। परीक्षा देने का कोई दूसरा विकल्प इन्होंने नहीं दिया था बच्चों की मनोदशा को देखते हुए अभिभावकों ने दिल पर पत्थर रखकर मजबूरी में इन्हें स्वीकृती दिया। अभिभावकों के व्यक्तिगत निवेदन को भी इन्होंने नजर अंदाज किया अभिभावकों की तरफ से कहा गया है कि आप ऑनलाइन परीक्षा ले लो परंतु उसके लिए भी विद्यालय प्रशासन तैयार नहीं हुआ। यह पूर्ण रूप से स्कूल प्रशासन की लापरवाही और बच्चों के जीवन से खिलवाड़ का विषय है।

अभिभावकों ने इसकी लिखित शिकायत मुख्य शिक्षा अधिकारी, जिला अधिकारी, तथा उत्तराखंड के शिक्षा मंत्री, मुख्यमंत्री, से करने की बात कही उन्होंने कहा है कि अभिभावक जल्द ही एक संघ बनाकर अपनी शिकायत सरकार के मुखिया तक पहुंच जाएगा । इस प्रकार के स्कूलों पर किस तरह की कार्रवाई होती है या नहीं होती है यह तो देखने की बात है लेकिन इस प्रकार के आदेश बच्चों को और अभिभावकों को परेशानी मे जरूर डाल देते है।