लखनऊ: भाजपा सरकार पर कई विपक्षी नेताओं के खिलाफ बदले की कार्रवाई के आरोप लगते रहे हैं। इनमें लालू प्रसाद, पी. चिदंबरम, डी.के. शिवकुमार शामिल हैं। लेकिन जानकारों के मुताबिक इन नेताओं में भी जिनके खिलाफ पूरी बीजेपी टूट पड़ी है, उनका नाम है आजम खान। समाजवादी पार्टी के नेता और सांसद आजम खान नौ बार विधायक, चार बार मंत्री, एक बार राज्यसभा सदस्य रह चुके समाजवादी पार्टी के रामपुर से मौजूदा सांसद आजम खान और उनके बेटे पूर्व विधायक अब्दुल्ला आजम को जेल की सलाखों के पीछे एक साल बीत चुका है। रामपुर पुलिस के मुताबिक आजम खान ने 26 फरवरी 2020 को रामपुर कोर्ट में सरेंडर किया था। 27 फरवरी को उन्हें रामपुर से सीतापुर जेल ट्रांसफर कर दिया गया था। एसपी शगुन गौतम के अनुसार आजम के खिलाफ 102 मुकदमे दर्ज हैं। नौ मुकदमे शासन ने वापस ले लिए थे। सात में फाइनल रिपोर्ट लगी है। 86 मुकदमे लंबित हैं, जिनमें से 75 में चार्जशीट लग चुकी हैं। ग्यारह में अभी जांच जारी हैं। बेटे अब्दुल्ला आजम के खिलाफ 44 और पत्नी तंजीन फातिमा के खिलाफ 34 मुकदमे दर्ज हैं। कानूनी प्रक्रिया के बीच पिता-पुत्र का जेल से बाहर आना अभी आसान नहीं लग रहा हैं। हालांकि पत्नी सभी मामलों में जमानत मिलने पर रिहा हो चुकी हैं।

आजम के लिए सपा निकलेगी साइकिल यात्रा
समाजवादी पार्टी को अपने वरिष्ठ नेता आजम खान की याद आ गई है। सपा उत्तर प्रदेश की भाजपा सरकार द्वारा कथित तौर पर लगातार प्रताडि़त किये जाने को उजागर करने के लिए 12 मार्च से एक साइकिल यात्रा निकालने का फैसला किया है। सपा के एक बयान में यह जानकारी दी गई। सपा के मुख्य प्रवक्ता राजेंद्र चौधरी ने कहा, ”इस साइकिल यात्रा का उद्देश्य रामपुर में मोहम्मद अली जौहर विश्वविद्यालय के संस्थापक व सपा सांसद मोहम्मद आजम खां के प्रति भाजपा सरकार द्वारा बदले की भावना से की जा रही कार्रवाई के खिलाफ जनाक्रोश प्रर्दिशत करना है तथा जनता का ध्यान आकर्षित करना है।” रामपुर से निकलने वाली यह साइकिल यात्रा बरेली, शाहजहांपुर, लखीमपुर, सीतापुर, होते हुए लखनऊ पहुंचेगी। यात्रा की शुरुआत मोहम्मद अली जौर विवि. में सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव की जनसभा से होगी। यात्रा के दौरान विभिन्न स्थानों पर होने वाली जनसभा और चौपाल में मोहम्मद अली जौहर विवि के संस्थापक व सांसद मो. आजम खां के खिलाफ हुई कार्रवाई का मुद्दा पुरजोर तरीके से उठाया जाएगा। साथ ही अन्य मुद्दों को उठाते हुए भाजपा सरकार पर हमला बोलने की तैयारी है। जनसभाओं में आजम खां के जरिए समुदाय विशेष के वोटबैंक को सहेजने की रणनीति बनाई गई है। जनसभाओं में लोगों को यह भरोसा भी दिलाने की तैयारी है कि जिस तरह से आजम खां के साथ सपा खड़ी है। उसी तरह वह अन्य लोगों का भी साथ निभाया जाएगा।
समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री श्री अखिलेश यादव के निर्देश पर समाजवादी पार्टी जनपद रामपुर से लखनऊ तक साइकिल यात्रा 12 मार्च 2021 से निकालेगी जिसका समापन 21 मार्च 2021 को लखनऊ में होगा।https://t.co/shQ0k6hUEK
— Samajwadi Party (@samajwadiparty) March 6, 2021

आजम खान पर कार्यवाई करने वाले IAS अधिकारी को सरकार ने दिया इनाम
रामपुर में आजम खान और उनके परिवार द्वारा कब्जाई गई जमीनों पर कार्रवाई करने वाले आईएएस अधिकारी को सरकार ने दो वर्ष और अधिक प्रतिनियुक्ति बढ़ाकर इनाम दिया है। रामपुर के डीएम आंजनेय कुमार सिंह ने आजम खान के परिवार पर सक्रिय रूप से कार्रवाई की थी और अब भी लगातार अपने काम पर लगे हुए हैं। जिसके बाद से वे चर्चा में हैं। केंद्र सरकार के इस फैसले के बाद अब वे और दो साल यूपी में ही बने रह सकेंगे। आपको बता दें कि आंजनेय कुमार सिंह सिक्किम कैडर के साल 2005 के आईएएस अधिकारी हैं। मजे की बात ये है कि उनकी प्रतिनियुक्ति भी अखिलेश सरकार के समय हुई थी। पिछले 6 सालों से वे यूपी में ही हैं और आगे दो साल भी वे यानी 14 फरवरी, 2023 तक यूपी में बने रहेंगे। अब सांसद आजम खां के खिलाफ कार्रवाई करने वाले जिलाधिकारी आन्जनेय कुमार सिंह को शासन ने कमिश्नर मुरादाबाद बना दिया है।

आजम खां रामपुर शहर विधानसभा सीट से नौ बार विधायक बने। प्रदेश सरकार में चार बार मंत्री रहे। 1996 में विधानसभा चुनाव हारने पर राज्यसभा के सदस्य बने। 2019 में पहली बार रामपुर से सासंद बने। उनकी पत्नी तंजीन फातिमा राज्यसभा सदस्य रहीं। फिलहाल रामपुर शहर से विधायक हैं। आजम खां के पुत्र अब्दुल्ला आज़म 2017 के स्वार सीट से विधायक बने लेकिन उम्र के विवाद में हाईकोर्ट ने 16 दिसंबर 2019 को उनकी विधायकी रद्द कर दी थी। सुप्रीम कोर्ट में मामला विचाराधीन है।
“निर्भीक नजर” के लिए तारिक अंसारी (न्यूज़ एडिटर) की रिपोर्ट