देहारादून: प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना का शुभारम्भ वर्ष 2015 में हमारे देश के प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के द्वारा देश के बेरोजगार युवाओ को रोजगार के प्रशिक्षण देने के लिए किया गया है । इस योजना के अंतर्गत देश के युवाओ को रोजगार प्रदान करने के लिए विभिन्न पाठ्यक्रमों में निशुल्क प्रशिक्षण प्रदान किया जायेगा और उनकी योग्यतानुसार रोजगार प्रदान किया जायेगा । का लाभ देश के 10वीं, 12वीं कक्षा ड्राप आउट (बीच में स्कूल छोड़ने वाले) युवा उठा सकते है । पीएमकेवीवाई के तहत प्रशिक्षण का निरीक्षण क्षेत्र कौशल परिषदों और संबंधित राज्य सरकार द्वारा किया जाएगा।
इस योजना के तहत देश के बेरोजगार युवाओ को कंस्ट्रक्शन, इलेक्ट्रॉनिक्स एवं हार्डवेयर, फूड प्रोसेसिंग,फर्नीचर और फिटिंग, हैंडीक्रॉफ्ट, जेम्स एवं ज्वेलरी और लेदर टेक्नोलॉजी जैसे करीब 40 तकनीकी क्षेत्र के ट्रेनिंग प्रदान की जाएगी । देश के युवा अपनी इच्छानुसार जिस पाठ्यक्रम में प्रशिक्षण प्राप्त करना चाहते है उसे चुन। सकते है । प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना के तहत भारत सरकार ने देश के हर राज्य तथा शहर में प्रक्षिशण केंद्र खुलवा दिए है। जिसमे लाभार्थियों को निशुल्क प्रशिक्षण प्रदान किया जायेगा। इसके तहत केंद्र सरकार युवाओं के लिए अगले 5 साल के लिए उद्यमिता शिक्षा और प्रशिक्षण कार्यक्रमों की व्यवस्था करती है।
प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना को देश के युवाओं को प्रशिक्षण प्रदान करने के लिए आरंभ किया गया है। इस योजना के अंतर्गत देश के युवाओं को विभिन्न प्रकार के प्रशिक्षण प्रदान किए जाते हैं। जिससे कि वह रोजगार प्राप्त करने में सक्षम हो सकें। अब तक इस योजना के दो चरण सरकार द्वारा कार्यान्वित किए जा चुके हैं। अब सरकार द्वारा इस योजना का तीसरा चरण आरंभ होने जा रहा है। जो कि 1 मार्च 2021 से आरंभ होगा। यह चरण श्रम, नियोजन, प्रशिक्षण एवं कौशल विकास विभाग द्वारा संचालित किया जाएगा। तीसरे चरण में तुपुदाना में क्लासरूम तथा लैब का शुभारंभ किया जाएगा तथा प्रशिक्षुओं के बीच कीट का वितरण भी किया जाएगा।
इस योजना के तीसरे चरण के अंतर्गत नई पीढ़ी तथा उद्योगों की जरूरत के हिसाब से युवाओं को प्रशिक्षण प्रदान किया जाएगा। इस योजना के अंतर्गत औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानों को भी जोड़ा गया है। अब देश के नागरिक के माध्यम से प्रशिक्षण प्राप्त करके नौकरी प्राप्त कर सकेंगे। इस योजना के माध्यम से देश की बेरोजगारी दर में भी गिरावट आएगी और देश का विकास भी होगा।
जैसे कि आप सभी लोग जानते हैं प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना देश के युवाओं को प्रशिक्षण प्रदान करने के लिए आरंभ की गई थी। इस योजना के अंतर्गत 2020 तक एक करोड़ युवाओं को कवर करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया था। जिससे कि इन सभी लोगों को रोजगार मुहैया कराया जा सके। प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना के अंतर्गत 3 महीने, 6 महीने एवं 1 साल का रजिस्ट्रेशन करवाया जा सकता है और प्रशिक्षण की अवधि पूरी होने के बाद सर्टिफिकेट भी प्रदान किया जाता है जो पूरे देश में मान्य है। के अंतर्गत सन 2022 तक 40.2 करोड़ लोगों को प्रशिक्षण प्रदान करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
इस प्रशिक्षण के लिए लाभार्थियों को कोई भी फीस भरने की आवश्यकता नहीं है। प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना 2021 के अंतर्गत युवा इलेक्ट्रॉनिक, हार्डवेयर, फिटिंग आदि जैसे क्षेत्रों में ट्रेनिंग प्राप्त कर सकते हैं। इस योजना के सफलतापूर्वक कार्यान्वयन के लिए सरकार द्वारा कई टेलीकॉम कंपनियों को जोड़ा गया है।

किस तरह से काम करती है पीएम कौशल विकास योजना?
- Pradhanmantri Kaushal Vikas Yojana 2021 के तहत देश के युवाओ को जोड़ने के लिए सरकार ने कई टेलीकॉम कंपनियों को इस कार्य के लिए अपने साथ जोड़ रखा है। यह मोबाइल कंपनियां मैसेज के द्वारा इस योजना को सभी लोगों तक पहुंचाने का कार्य करती हैं।
- इस योजना के तहत मोबाइल कंपनियां योजना से जुड़े लोगों को मैसेज करके एक फ्री ट्रोल नंबर देंगी जिस पर कैंडिडेट को मिस कॉल देना होता है ।
- मिस कॉल करने के बाद आपके पास एक नंबर से फोन आएगा इसके बाद आप आईवीआर सुविधा से जुड़ जाएंगे। इसके बाद कैंडिंडेट को अपनी जानकारी निर्देशानुसार भेजनी होगी।
- आपके द्वारा भेजी गई जानकारी कौशल विकास योजना के सिस्टम में सुरक्षित रख ली जाएगी। यह जानकारी मिलने के बाद आवेदनकर्ता को उसके निवास स्थान के आस-पास ट्रेनिंग सेंटर से जोड़ा जाएगा।
प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना में पाठ्यक्रम की सूची
- स्किल कौंसिल फॉर पर्सन विथ डिसेबिलिटी कोर्स
- हॉस्पिटैलिटी तथा टूरिज्म कोर्स
- टेक्सटाइल्स कोर्स
- टेलीकॉम कोर्स
- सिक्योरिटी सर्विस कोर्स
- रबर कोर्स
- रिटेल कोर्स
- पावर इंडस्ट्री कोर्स
- प्लंबिंग कोर्स
- माइनिंग कोर्स
- एंटरटेनमेंट तथा मीडिया कोर्स
- लोजिस्टिक्स कोर्स
- लाइफ साइंस कोर्स
- लीठेर कोर्स
- आईटी कोर्स
- आयरन तथा स्टील कोर्स
- भूमिकारूप व्यवस्था कोर्स
- स्वास्थ्य देखभाल कोर्स
- ग्रीन जॉब्स कोर्स
- जेम्स तथा ज्वेलरी कोर्स
- फर्नीचर तथा फिटिंग कोर्स
- फ़ूड प्रोसेसिंग इंडस्ट्री कोर्स
- इलेक्ट्रॉनिक्स कोर्स
- निर्माण कोर्स
- माल तथा पूंजी कोर्स
- बीमा, बैंकिंग तथा फाइनेंस कोर्स
- सुंदरता तथा वैलनेस
- मोटर वाहन कोर्स
- परिधान कोर्स
- कृषि कोर्स
प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना और ट्रेनिंग पार्टनर
प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना के अंतर्गत युवाओं का कौशल विकास किया जाता है जिससे कि उन्हें रोजगार के अवसर प्राप्त हो। यह कौशल विकास ट्रेनिंग पार्टनर्स के माध्यम से किया जाता है। ट्रेनिंग पार्टनर की सूची सरकार द्वारा समय-समय पर अपडेट की जाती है। इसमें नए पार्टनर को जोड़ा जाता है और कुछ पुराने पार्टनर को हटाया जाता है जो पॉलिसी के दिशा निर्देशों का पालन नहीं कर रहे है। प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना के अंतर्गत 20 अक्टूबर 2020 तक देश भर में 32000 ट्रेनिंग सेंटर हैं। ट्रेनिंग पार्टनर्स की सूची कुछ इस प्रकार है।
पीएम कौशल विकास योजना के लाभ
- इस योजना का लाभ देश के 10वीं, 12वीं कक्षा ड्राप आउट (बीच में स्कूल छोड़ने वाले) युवा उठा सकते है।
- देश के युवाओ को इस योजना के अंतर्गत रोजगार प्रदान करने के लिए विभिन्न पाठ्यक्रमों में निशुल्क प्रशिक्षण प्रदान किया जायेगा।
- इस योजना के तहत युवाओ को उनकी योग्यता के अनुसार रोजगार मुहैया कराया जायेगा।
- इस योजना के तहत देश के बेरोजगार युवाओ को कंस्ट्रक्शन, इलेक्ट्रॉनिक्स एवं हार्डवेयर, फूड प्रोसेसिंग,फर्नीचर और फिटिंग, हैंडीक्रॉफ्ट, जेम्स एवं ज्वेलरी और लेदर टेक्नोलॉजी जैसे करीब 40 तकनीकी क्षेत्र के ट्रेनिंग प्रदान की जाएगी ।
- केंद्र सरकार युवाओं के लिए अगले 5 साल के लिए इस योजना के तहत उद्यमिता शिक्षा और प्रशिक्षण कार्यक्रमों की व्यवस्था करती है।
Pradhanmantri Kaushal Vikas Yojana की पात्रता
- इस योजना का लाभ उठाने के लिए लाभार्थी भारतीय नागरिक होना चाहिए ।
- यह योजना केवल उन लोगों के लिए लक्षित है जो बेरोजगार हैं और जिनके पास आय का कोई स्रोत नहीं है।
- कॉलेज / स्कूल ड्रॉपआउट – आवेदक को हिंदी और अंग्रेजी भाषाओं का बुनियादी ज्ञान होना चाहिए।
- जो भी छात्र 10वीं या 12वीं के बाद पढ़ाई छोड़ चुके होते हैं उन लोगों को एकत्रित कर एक जगह कौशल प्रदान करवाया जायेगा ।
पीएम कौशल विकास स्कीम के दस्तावेज़
- आवेदक का आधार कार्ड
- पहचान पत्र
- वोटर आईडी कार्ड
- बैंक अकाउंट पासबुक
- मोबाइल नंबर
- पासपोर्ट साइज फोटो