नैनीताल: उत्तराखंड में प्रशासनिक लापरवाही पर सख्ती दिखाते हुए जिलाधिकारी ललित मोहन रयाल ने बड़ा कदम उठाया है। ओखलकांडा के खंड विकास अधिकारी देशराज के खिलाफ विभागीय कार्यों में लापरवाही के आरोपों की जांच में मामला सही पाए जाने पर उन्हें पद से हटा दिया गया है।
मुख्य विकास अधिकारी की जांच रिपोर्ट के आधार पर की गई इस कार्रवाई ने साफ संकेत दे दिया है कि जनहित से जुड़े कार्यों में किसी भी तरह की उदासीनता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। जांच में सामने आया कि संबंधित अधिकारी ने अपने दायित्वों के निर्वहन में अपेक्षित गंभीरता नहीं दिखाई, जिससे प्रशासनिक कार्य प्रभावित हुए।
कार्रवाई के तहत देशराज को तत्काल प्रभाव से खंड विकास अधिकारी के पद से हटाकर सहायक खंड विकास अधिकारी के पद पर स्थानांतरित कर विकासखंड रामनगर से संबद्ध कर दिया गया है।
वहीं प्रशासनिक कार्यों की निरंतरता बनाए रखने के लिए सहायक खंड विकास अधिकारी कुंवर सिंह सामंत को ओखलकांडा का प्रभारी खंड विकास अधिकारी बनाया गया है।
जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया है कि जिले में किसी भी अधिकारी या कर्मचारी की लापरवाही या अनुशासनहीनता को बिल्कुल भी सहन नहीं किया जाएगा। सभी अधिकारियों को अपने कर्तव्यों का निर्वहन पूरी जिम्मेदारी, पारदर्शिता और जवाबदेही के साथ करने के निर्देश दिए गए हैं।